लैलूंगा संदेश 24
संपादक योगेश कुमार चौहान

लैलूंगा। जिले में आगामी धान खरीदी सीजन को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। इस वर्ष खरीदी प्रक्रिया को पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से प्रशासनिक स्तर पर तैयारियाँ तेजी से चल रही हैं। इसी क्रम में लैलूंगा विकासखंड के जमुना वैरियर क्षेत्र में चेक पोस्ट की स्थापना की गई है, जहाँ से होकर आसपास के गाँवों और सीमा क्षेत्रों से धान का आवागमन होता है।धान की अनधिकृत परिवहन और अवैध खरीदी पर नियंत्रण रखने के लिए इस चेक पोस्ट में डिप्टी इंचार्ज के रूप में चार टीम मे नियुक्त की गयी है इसी कड़ी मे आर.ए.ई.ओ. (R.A.E.O.) महेन्द्र पाल की नियुक्ति की गई है। उनके सहयोग के लिए गोविन्द सिंह पैंकरा (पंचायत सचिव) और कोटवार को सहायक डिप्टी के रूप में जिम्मेदारी सौंपी गई है।एवं तीन पालियों मे अलग अलग अन्य अधिकारीयों की ड्यूटी भी लगायी गयी हैइन अधिकारियों को लगातार चौकसी बरतने, आने-जाने वाले वाहनों की जांच करने और संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं।प्रशासन का उद्देश्य है कि किसी भी बाहरी जिले या निजी व्यापारियों द्वारा सरकारी व्यवस्था से बाहर धान खरीदी की कोशिश न हो। धान खरीदी के दौरान किसानों को न्यायसंगत मूल्य और पारदर्शी व्यवस्था मिले — इसके लिए राजस्व, कृषि और पुलिस विभागों के बीच समन्वय स्थापित किया गया है।आर.ए.ई.ओ. महेन्द्र पाल ने बताया कि खरीदी सीजन में किसी प्रकार की गड़बड़ी न हो, इसके लिए लगातार निगरानी रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकारी खरीदी केंद्रों तक पहुँचने वाले प्रत्येक वाहन की जांच की जाएगी और बिना अनुमति या दस्तावेज के धान परिवहन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।स्थानीय ग्रामीणों एवं किसानों ने भी इस कदम की सराहना की है। उनका कहना है कि पिछले वर्षों में अवैध खरीदी के कारण कई बार किसानों को नुकसान झेलना पड़ा था, लेकिन इस बार प्रशासन की सख्त कार्रवाई से स्थिति बेहतर होने की उम्मीद है।लैलूंगा क्षेत्र में इस प्रकार की निगरानी से न केवल अवैध धान परिवहन पर रोक लगेगी, बल्कि सरकारी खरीदी केंद्रों की विश्वसनीयता भी बनी रहेगी। किसान अब अपने धान को उचित दर पर बेच सकेंगे और बिचौलियों से बचाव संभव हो सकेगा।इस चेक पोस्ट की स्थापना से स्पष्ट है कि प्रशासन इस वर्ष खरीदी प्रक्रिया को लेकर पूरी तरह गंभीर है और किसान हित में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


